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विधायक शिवरतन शर्मा ने विधानसभा में कहा की अन्न दाताओं की समस्याओं को दूर करने की बजाए बघेल सरकार बयान बाजी में लगी है

भाजपा विधायक शिवरतन शर्मा ने आरोप लगाया कि बघेल सरकार द्वारा समर्थन मूल्य पर धान खरीदी के लिए अव्यवस्था की स्थिति है, बारदाने की कमी के कारण खरीदी रोकी गई. शिवरतन शर्मा ने कहा कि सरकार अन्नदाताओं की समस्या को सुलझाने की बजाय बयानबाजी कर रही है.

छत्तीसगढ़ विधानसभा का शीतकालीन सत्र का तीसरा दिन हंगामेदार रहा. किसानों की मौत मसले पर विपक्ष के स्थगन प्रस्ताव को स्वीकार किया..
विधानसभा में विधायक शिवरतन शर्मा ने आरोप लगाया कि कांग्रेस सरकार के कार्यकाल में किसान सबसे ज्यादा पीड़ित हुए हैं. उन्होंने कहा कि राज्य सरकार ने 2500 रुपये प्रति क्विंटल की दर से धान खरीदने की घोषणा की थी. लेकिन, खरीफ वर्ष 2019-20 में सहकारी समितियों में धान बेचने के बाद किसानों को पूरा भुगतान नहीं मिला है.
शर्मा ने हाल ही में रायपुर, सरगुजा, दुर्ग, राजनांदगांव और कोंडागांव जिलों में किसानों द्वारा आत्महत्या की घटनाओं का हवाला दिया और आरोप लगाया कि राज्य भर से ऐसी घटनाएं सामने आ रही हैं. शर्मा ने इस दौरान आरोप लगाया कि राज्य के किसानों की फसल नकली खाद और बीज के कारण खराब हुई थी. जिसके चलते किसानों ने आत्महत्या की है.
विधायक शर्मा ने कहा कि किसानों के रकबे में कटौती कर सरकार उनके साथ छल कर रही है,और जब किसान इसकी शिकायत लिखित में तहसील कार्यालय में दे रहे है तो किसी भी जवाबदार अधिकारी द्वारा किसानों को कोई पावती भी नही दी जा रही है जिस कारण यह कह पाना किसी भी हाल में संभव नही है कि उनके रकबे में सुधार किया जाएगा। ये सब चीजें किसानों के प्रति सरकार की मानसिकता को दर्शाती है..