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57 वीं पुण्यतिथि पर याद किये गयेे पण्डित जवाहर लाल नेहरू

 

बस्ती। भारत के पूर्व प्रधानमंत्री पण्डित जवाहर लाल नेहरू को उनकी 57 वीं पुण्यतिथि पर याद किया गया। कटेश्वरपार्क स्थित कांग्रेस दफ्तर पर आयोजित कार्यक्रम में पार्टी के पदाधिकारियों वे कार्यकर्ताओं ने स्वतंत्रता आन्दोलन से लेकर भारत को वैश्विक स्तर पर एक शक्तिशाली राष्ट्र के रूप में स्थापित करने तक उनके द्वारा किये गये योगदान पर विसतार से चर्चा हुई। पूर्व विधायक अंबिका सिंह ने कहा कि पण्डित नेहरू 1946 से 1954 तक कांग्रेस के अध्यक्ष रहे। 27 मई 1964 को प्रधानमंत्री रहते हुये उनका देहांत हो गया।

इस दौरान कांग्रेस पार्टी का पूरे भारत में विस्तार हुआ। युवा नेता अंकुर वर्मा एवं पीसीसी सदस्य प्रेमशंकर द्विवेदी ने कहा कि पण्डित नेहरू के कार्यकाल में भारत को धर्मनिरपेक्ष राष्ट्र की पहचान मिली। पण्डित अटल बिहारी बाजपेयी भी धर्मनिरपेक्षता की वकालत करते रहे। आज सत्ता के लोभी नेता और दलों की मिलीभगत से यह पहचान मिटती जा रही है। ऐसे में एक बार फिर हमे एकजुट होकर नेहरू के विचारों को मजबूती देनी होगी। जिला प्रवक्ता मो. रफीक खां ने भी पण्डित नेहरू के योगदान की सराहना की, कहा वे विचारों के दृढ थे और उनमे निर्णय लेने की अद्भुत क्षमता थी। गिरजेश पाल, अतीउल्लाह सिद्धीकी, ज्ञानप्रकाश पाण्डेय, महेन्द्र श्रीवास्तव, अलीम अख्तर, डा. राकेश पाण्डेय, पवन वर्मा, लवकुश गुप्ता आदि मौजूद रहे।