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चर्च गेट पर स्थित दर्जनों दुकानों पर प्रशासन की नजर

बस्तीः शहर के कचहरी स्थित चर्च गेट पर स्थित करीब 100 दुकानों पर प्रशासन बुलडोजर चलाने की तैयारी में है। यहां के दुकानदारों से गुरूवार सुबह 10 बजे तक दुकाने हटाने का मौखिक आदेश दिया गया है। अवैध कब्जा बताकर टाउन क्लब से दर्जन भर दुकानों को तहस नहस करने के बाद प्रशासन के ये सबसे बड़ी कार्यवाही होगी। बताया जा रहा है ये सब बस्ती महोत्सव के मद्देनजर किया जा रहा है।

हैरानी की बात ये है कि पिछले दो सालों में प्रशासन ने सैकड़ों दुकानों पर बुलडोजर चलवाकर लोगों की रोजी रोटी छीन लिया। लेकिन बरबाद हुये व्यापारियों को फिर से बसाने की कोई पहल नही हुई। हमेशा तर्क दिया जाता है कि शहर को खूबसूरत बनाने की दिशा में ये एक्शन हो रहे हैं, लेकिन व्यापार उजाड़कर शहर में कौन सी खूबसूरती आयेगी ये जनमानस की समझ से परे हैं। बुधवार को आधा दर्जन पीड़ित व्यापारी मीडिया दस्तक के दफ्तर पहुंच गये, इनकी दुकानें चर्च गेट के आसपास हैं। डेढ़ लाख रूपया चर्च को देकर इन्होने यहां अपनी दुकान लगाई है। 50-60 साल से ज्यादा पुराने व्यापारी भी इसमे शामिल हैं।

शिवओम, कल्लू, राजेन्द्र गुप्ता, मनीष कुमार सहित तमाम दूकानदारों ने बताया कि वे प्रशासन की इस कार्यवाही के बाद बरबाद हो जायेंगे, उनकी आय को कोई और जरिया नही है, साथ ही चर्च को दिया पैसा भी डूब जायेगा। तर्क दिया जा रहा है कि जमीन नगरपालिका की है। यदि नगरपालिका की जमीन है तो कई दशकों से इसका आवंटन कोई दूसरा कैसे कर रहा है ? यदि दुकानदारों का कब्जा अवैध है तो उन्हे नोटिस देकर पर्याप्त समय कयों नही दिया जा रहा है। बस्ती महोत्सव को सफल बनाने के लिये क्या सैकड़ों व्यापारियों से उनकी रोजी रोटी छीनना उचित है ? फिलहाल बगैर बसाने की रणनीति बनाये उजाड़ने की कार्यवाही तक सवाल जिंदा रहेंगे।

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