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कंडोम के जरिये परिवार नियोजन में हो रही है पुरुष भागीदारी

हर साल जिले में इस्तेमाल होने वाले कंडोम की संख्या में इजाफा हुआ

परिवार नियोजन के साथ-साथ सुरक्षित यौन संबंध का कारगर उपाय है कंडोम

कबीर बस्ती न्यूज,गोरखपुर।उ0प्र0।

जिले में नसबंदी जैसे परिवार नियोजन की स्थाई साधन अपनाने के मामले में पुरुष भले ही पीछे हों, लेकिन कंडोम जैसे अस्थायी और सुरक्षित सेवा के प्रति पुरुषों का अच्छा रूझान देखने को मिला है । पुरुष इस साधन के जरिये परिवार नियोजन में अपनी भागीदारी निभा रहे हैं । आंकड़ों के दृष्टिकोण से हर साल जिले में इस्तेमाल होने वाले सरकारी कंडोम की संख्या में इजाफा हुआ है । विशेषज्ञों का कहना है कि कंडोम न केवल परिवार नियोजन के लिए कारगर है, बल्कि सुरक्षित यौन संबंध का एक मजबूत तरीका भी है ।

राष्ट्रीय स्वास्थ्य मिशन के जिला कार्यक्रम प्रबंधक पंकज आनंद ने बताया कि वित्तीय वर्ष 2017-18 में करीब चार लाख कंडोम इस्तेमाल हुए । यह संख्या वर्ष 2018-2019 में बढ़ कर 6.80 लाख हो गयी। कोविड काल में भी वर्ष 2019-20 में कंडोम की डिमांड बनी रही और 6.83 लाख कंडोम इस्तेमाल हुए। कोविड काल के बीच वित्तीय वर्ष 2020-2021 में करीब 8.64 लाख कंडोम इस्तेमाल किये गये ।

उन्होंने बताया कि जिले के सभी सरकारी स्वास्थ्य केंद्रों पर कंडोम बॉक्स के जरिये निःशुल्क कंडोम उपलब्ध हैं। क्षेत्र की आशा कार्यकर्ता और एएनएम के जरिये भी यह सुविधा निःशुल्क प्राप्त की जा सकती है । कंडोम के इस्तेमाल का कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं पड़ता है । इसका इस्तेमाल सही तरीके से करना चाहिए और निस्तारण भी उचित तरीके से ही होना चाहिए ।

भ्रांतियों का शिकार होते हैं लोग

परिवार नियोजन सेवाओं के जिला स्तरीय प्रशिक्षक डॉ. संजय त्रिपाठी ने बताया कि लोग इस भ्रांति के शिकार होते हैं कि कंडोम का इस्तेमाल करने से सेक्सुअल आनंद में कमी आती है और निजी अंगों पर बुरा असर पड़ता है । यह दोनों भ्रांतियां सरासर गलत है । परिवार नियोजन का सबसे सुरक्षित अस्थायी साधन कंडोम है ।

कोई बुरा असर नहीं पड़ा

पिपराईच नगर पंचायत के 35 वर्षीय सुभाष (बदला हुआ नाम) ने बताया कि पहले उन्हें भी यह भ्रांति थी कि कंडोम का इस्तेमाल करने से सेक्स का आनंद कम हो जाता है । उन्हें एक मित्र ने बताया कि यह धारणा गलत है । उन्होंने मित्र के समझाने पर पहली बार इसका इस्तेमाल किया । अब वह इसी साधन का इस्तेमाल कर रहे हैं । चरगांवा क्षेत्र की 36 वर्षीय महिमा (बदला हुआ नाम) का कहना है कि स्वास्थ्य केंद्र के माध्यम से उन्हें निःशुल्क कंडोम मिल जाते हैं । आशा भी यह सुविधा उपलब्ध कराती हैं । दम्पत्ति आपसी समझदारी से इस साधन का इस्तेमाल कर रहे हैं । इसका कोई प्रतिकूल प्रभाव नहीं है । दो बच्चों के बाद वह इसी साधन से परिवार नियोजन अपना रहे हैं ।

इस बात का रहे ध्यान

• कंडोम का इस्तेमाल साफ-सुथरे हाथों से करें ।
• इस्तेमाल के बाद निजी अंगों को धुल लें ।
• कंडोम को ठीक तरीके से बांध कर कागज की पुड़िया में बंद कर गड्ढे में दबा दें।
• कंडोम इधर-उधर न फेंकें।