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किसानों के समस्याओं को लेकर रालोद ने सौंपा ज्ञापन

कबीर बस्ती न्यूज,बस्ती। उ0प्र0।

राष्ट्रीय लोकदल आज पूरे प्रदेश में किसान क्रांति दिवस मना रहा है। जिला व तहसील स्तरों पर राज्यपाल को भेजे ज्ञापन में केन्द्र व प्रदेश सरकार के किसानों की आय दोगुनी करने के वादे को जुमला करार दिया गया है। इसी कड़ी में बस्ती के जिलाध्यक्ष राधेश्याम चौधरी के नेतृत्व में राज्यपाल को सम्बोधित ज्ञापन जिलाधिकारी कार्यालय के प्रशासनिक अधिकारी को सौंपा गया।

ज्ञापन में बकाया गन्ना मूल्य का अविलम्ब भुगतान करने, भुगतान न होने तक किसानों की सभी देनदारियों पर रोक लगाने, नये सत्र के लिये लाभकारी गन्ना मूल्य घोषित किये जाने, किसी भी मिल पर गन्ना बेंचने की आजादी दिय जाने, ढुलाई का भाड़ा खत्म किये जाने, डीजल पर किसानों को सब्सिडी दिये जाने, बिजली दरों में कमी करके ट्यूबवेल के लिये किसानों को मुफ्त बिजली दिये जाने, कृषि यंत्रों के दाम किये जाने व खरीदने के लिये बगैर ब्याज ऋण दिय जाने, आवारा पशुओं से फसलों को बचाने के लिये व्यवहारिक प्रबंध किये जाने, मंडी या निजी व्यापार में किसानों से की जाने वाली खरीद एमएसपी पर आधारित किये जाने सम्बन्धी मागें शामिल हैं।

जिलाध्यक्ष राधेश्याम चौधरी ने कहा कि फसलों की उत्पादन लागत बढ़ गयी है जबकि मंडियों में किसानों को लाभकारी मूल्य नही मिल पा रहा है। नतीजा ये है कि किसानों के पास न तो दवाई के पैसे हैं और न बच्चों की पढ़ाई के। 9 महीने से देश का अन्नदाता किसान एमएसपी की गारंटी के लिये सड़कों पर बैठा है, सरकार निर्णायक बातचीत नही करना चाहती। यह स्पष्ट हो चुका है कि किसानों की मागों का सम्यक नियतारण सरकार नही चाहती। वरना द्विपक्षीय वार्ता से बड़ी से बड़ी समस्याओं का समधान निकल आता है। बशर्ते पक्षकार समाधान के इच्छुक हों। लेकिन अभी तक रवैया सरकार का अहंकार से परिपूर्ण रहा है। सरकार को इसकी भारी कीमत चुकानी होगी। ज्ञापन सौंपने वालों में प्रमुख रूप से रायअंकुरम श्रीवास्तव, वकास अहमद, अतुल सिंह, शिवकुमार गौतम, रहमान, मनोज सिंह, लालचंद, उदयभान शुक्ल, इन्द्रबहादुर यादव व श्रीराम मौर्या आदि मौजूद रहे।